इस मुस्लिम देश के पूर्व राष्ट्रपति ने किया भगवान तिरुपति बालाजी का पूजन…हाथ जोड़कर पैदल ही पहुंचे मंदिर
बेंगलुरु। इंडोनेशिया के पूर्व राष्ट्रपति जोको विडोडो (Former Indonesian President Joko Widodo) ने गुरुवार को तिरुमला स्थित भगवान वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर (Lord Venkateswara Swamy Temple at Tirumala) में पूजा-अर्चना करने पहुंचे थे। सोशल मीडिया पर उनका वीडियो भी वायरल हो रहा है। वह मंदिर परिसर में हाथ जोड़कर पैदल ही दर्शन के लिए जा रहे हैं। जानकारी के मुताबिक तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) के अधिकारियों ने विडोडो का स्वागत किया और बाद में उन्हें मंदिर में दर्शन के लिए ले गए।
एक अधिकारी ने बताया, ‘‘इंडोनेशिया के सातवें राष्ट्रपति (विडोडो) ने भगवान वेंकटेश्वर स्वामी के दर्शन किए और उनका स्वागत टीटीडी के अधिकारियों ने किया।’’ दर्शन के बाद टीटीडी के अधिकारियों ने उन्हें रेशमी वस्त्र और प्रसाद भेंट किया तथा रंगनायकुला मंडपम में भगवान वेंकटेश्वर की एक तस्वीर प्रदान की।
कभी बौद्ध और हिंदू राजाओं का था शासन
बता दें कि इंडोनेशिया सबसे बड़ा मुस्लिम राष्ट्र है, इसके बावजूद यहां हिंदू संस्कृति की झलक साफ दिखाई देती है। इसे मुनियों का देश कहा जाता है। यहां की आबादी करीब 27 करोड़ है जिनमें से 90 करोड़ मुस्लिम हैं। यहां कभी हिंदू और बौद्ध राजाओं का राज हुआ करता था। ऐसे में आज भी इंडोनेशिया में कई प्रसिद्ध हिंदू मंदिर हैं। इसके अलावा यहां रामायण की भी मान्यता है।
यहां 8वीं सदी में मुस्लिम व्यापारी पहुंचे थे। इसके बाद धीरे-धीरे यहां इस्लाम का प्रचार होने लगा। कछ शासकों ने इस्लाम अपनाया तो घराने ही इस्लामिक हो गए। जो मुस्लिम व्यापारी यहां आते थे वे यहां की स्थानीय महिलाओं से शादी करते थे। ऐसे में धर्मांतरण का एक बड़ा दौर यहां चला। इसी वजह से हिंदू और बौद्ध राजाओं वाला देश एक मुस्लिम राष्ट्र बन गया।
मघड़ा शीतला मंदिर हादसा: 20 लोगों पर मामला दर्ज, चार पुजारी गिरफ्तार
10वीं-12वीं बोर्ड रिजल्ट जल्द, अप्रैल-मई में आने की संभावना
भोपाल में शराब दुकानों की शिफ्टिंग पर बवाल, लोगों ने जताया विरोध
राघव चड्ढा हटे राज्यसभा डिप्टी लीडर पद से, अशोक मित्तल होंगे नए डिप्टी लीडर
CM मोहन यादव का किसानों के लिए बड़ा ऐलान: कंबाइन हार्वेस्टर हुआ टोल फ्री
IPL 2026: Sameer Rizvi की रूमर्ड गर्लफ्रेंड कौन? तस्वीरों ने मचाया बवाल
मार्च में मैन्युफैक्चरिंग ग्रोथ चार साल के निचले स्तर पर, फिर भी रोजगार में बढ़त
